हो इश्क़ में जो गैरत मेरे ,
तो दफ़नाना तुम इसे वहां ,
एक पल के लिए भी तुम्हारे कदम पड़ते हो जहाँ !!
सुस्ता लेना तुम रुक के ज़रा ,
हर थकन को मिल जायेगा सुकून !
हर ज़र्रे में मेरी रूह के,
क्योकि बस्ते हो तुम !!
Beautiful :)
ReplyDeleteKiske Liye? :)
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